मध्यप्रदेश के राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने लोकभवन के नव-निर्मित प्रवेश द्वार क्रमांक-2 का उद्घाटन किया। सुरक्षा और सांस्कृतिक पहचान को ध्यान में रखकर ₹98.65 लाख की लागत से किया गया है जीर्णोद्धार।
रीवा जिले में लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) में फर्जी भुगतान का बड़ा घोटाला सामने आया है। रायपुर–भलुहा–मनगवां रोड, जिसका निर्माण एमपीआरडीसी के अधीन था, उसके नाम पर फर्जी मेजरमेंट बुक बनाकर एक करोड़ रुपए से अधिक का भुगतान कर दिया गया। इस घोटाले में तत्कालीन कार्यपालन यंत्री केके गर्ग और एसडीओ ओंकार मिश्रा की भूमिका संदिग्ध बताई जा रही है। चीफ इंजीनियर आर.एल. वर्मा ने मामले पर टिप्पणी से इंकार किया है।
सतना-मैहर फोरलेन और नागौद लिंक रोड निर्माण कार्य एसडीओ बृजेश सिंह की स्वेच्छाचारिता और लापरवाही से प्रभावित हो रहा है। करोड़ों की लागत से बनने वाली सड़क का काम धीमी गति से चल रहा है, जबकि विभागीय पत्राचार और शिकायतों के बावजूद कार्रवाई नहीं हो रही। रीवा मुख्य अभियंता कार्यालय की चुप्पी ने प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
सीधी जिले में लोक निर्माण विभाग की सड़कों में भ्रष्टाचार उजागर हुआ है। जांच में उपयंत्री प्रभाष श्रीवास्तव और सहायक यंत्री दोनों को दोषी पाया गया, लेकिन केवल उपयंत्री को निलंबित किया गया। सहायक यंत्री स्तुति गौतम पर कार्रवाई नहीं होने से सवाल उठ रहे हैं। विधायक ने भी पहले उनकी शिकायत की थी। घटिया सड़क निर्माण और संविदाकारों से मिलीभगत के आरोप लगातार चर्चा में हैं।
भोपाल में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने "पर्यावरण से समन्वय" संगोष्ठी का उद्घाटन किया। उन्होंने लोक निर्माण विभाग के कार्यों में पर्यावरण संरक्षण, गुणवत्ता और पारदर्शिता पर बल दिया। जानें, कैसे मध्य प्रदेश में सड़कों के निर्माण में नए प्रयोग हो रहे हैं।
सतना से बड़ी सेमरिया होते हुए प्रयागराज तक बनने वाली सड़क का हाल बेहाल है। गड्ढों में तब्दील यह मार्ग दुर्घटनाओं का कारण बन रहा है। वर्षों से शिकायतों के बावजूद सीएम हेल्पलाइन भी औपचारिकता बनकर रह गई है। क्या जनता का भरोसा टूट रहा है?
रीवा के संजय गांधी अस्पताल में टीन शेड निर्माण के नाम पर निकाली गई 3 करोड़ रुपये की राशि का गलत इस्तेमाल! ईओडब्ल्यू ने PWD अधिकारियों से मांगी स्पष्ट जानकारी व अभिमत सहित रिपोर्ट।
भोपाल के ऐशबाग स्थित विवादित 90 डिग्री मोड़ वाले फ्लाईओवर को रिडिजाइन किया जाएगा। फुटपाथ तोड़कर बढ़ेगी टर्निंग स्पेस, रेलवे ने दी 10 फीट चौड़ा करने की अनुमति। जानें सुरक्षा उपाय और जांच रिपोर्ट के सुझाव।




















